गाजियाबाद: यूपी के गाजियाबाद से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक मजार तोड़ने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। कुछ युवकों ने हथौड़े से मजार को तोड़ा और फिर मौके से उसका मलबा भी साफ करवा दिया। इस मामले में आरोपियों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज हो गई है।
सोशल मीडिया पर गाजियाबाद का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें हिंदू संगठन से जुड़े कुछ युवक, हथौड़ों से मजार को तोड़ते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में एक युवक कह रहा है कि यह मजार अवैध है और हिंदू बहुल क्षेत्र में बनाई गई है, इसलिए इसे हटाया जा रहा है।
वायरल वीडियो घंटाघर कोतवाली थाना क्षेत्र के बिहारी नगर इलाके का बताया जा रहा है। इस मामले में पुलिस का कहना है कि वीडियो संज्ञान में आया है। मामले में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।
मजार तोड़ने वाले मामले में आदर्श दुबे और एक अज्ञात के खिलाफ FIR हो गई है। BNS धारा 298 और BNS धारा 324/4 के तहत मामला दर्ज किया गया है। चौकी प्रभारी अंकित राठौर द्वारा वायरल वीडियो को संज्ञान में लेकर FIR कराई गई है।
जनवरी में यूपी के बहराइच में मेडिकल कॉलेज परिसर के अंदर अवैध तरीके से बनीं 10 मजारों पर सरकार का बुलडोजर चला था। हालांकि इस दौरान वक्फ बोर्ड में पंजीकृत एक मजार को छोड़ दिया गया था। ये मजारें महाराजा सुहेलदेव स्वायत्त राज्य मेडिकल कॉलेज परिसर के भीतर बनी थीं। कथित तौर पर ये मजारें अतिक्रमण की गई भूमि पर बनाई गई थीं।
इस मामले में नगर मजिस्ट्रेट का भी बयान सामने आया था। नगर मजिस्ट्रेट ने कहा था, "निर्धारित समय सीमा के बाद भी अवैध अतिक्रमण नहीं हटाए जाने पर, प्रशासन ने बुलडोजर का उपयोग करके 10 मजारों को ध्वस्त कर दिया।" उन्होंने यह भी दोहराया कि वक्फ में पंजीकृत दरगाह को छुआ तक नहीं गया है।
हालांकि बहराइच और गाजियाबाद के मामले बिल्कुल अलग हैं। बहराइच में सरकार ने कानूनी तरीके से अवैध मजारों को ध्वस्त किया था, जबकि गाजियाबाद में कुछ युवकों के समूह ने गैरकानूनी तरीके से मजारों को अपनी मर्जी से तोड़ा है। अब देखना ये होगा कि आरोपी युवकों पर क्या कार्रवाई होती है और उन्हें क्या सजा मिलती है। (रिपोर्ट: जुबैर अख्तर)